'हज यात्रियों को नहीं देना होगा हवाई किराया'

 (दिल्ली)   केंद्रीय अल्पसंख्यक मामले के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का दावा है कि इस साल रिकॉर्ड संख्या में अभी भी सरकार वहन कर रही है। शायद मोदी सरकार को भरोसा होगा कि ऐसा करने से मुस्लिम वोट कहीं उसे मिल जाए ! 
साभार:PIB
लोग हज के लिए जाएंगे। बड़ा सवाल ये है कि क्या सब्सिडी खत्म करने के बाद हज यात्रियों की संख्या बढ़ेगी? उससे भी बड़ा सवाल ये कि क्या गरीब लोग हज पर जा सकेंगे ? क्या उनके पास इतनी आर्थिक क्षमता है कि वो हज यात्रा का खर्च खुद ही वहन कर सकें ? लेकिन इन सवालों के बीच मोदी सरकार का एक जवाब है जो सभी सवालों का जवाब दे रहा है। अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का कहना है कि जो लोग हज कमेटी के माध्यम से मक्का-मदीना जा रहे हैं। उनको ले जाने वाली एयरलाइंस को इस साल 57 करोड़ का भुगतान सरकार करेगी। हज के लिए उड़ानें 14 जुलाई से शुरू होंगी।  दरअसल नई दिल्ली में आयोजित अनुकूलन सह प्रशिक्षण शिविर में मुख्तार अब्बास नकवी ने ये जानकारी दी। इस शिविर का आयोजन हज सहायकों और समन्यवकों के प्रशिक्षण के लिये किया गया था। शिविर में नकवी ने बताया 2018 में कुल 3,55,604 आवेदन प्राप्त हुए हैं। वहीं पिछले साल 1,24,852 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिसके लिए भारत सरकार ने हवाई किराये के लिए एयरलाइंस को कुल 1030 करोड़ रुपए का भुगतान किया था। हालांकि अब लोकसभा चुनाव नजदीक है लिहाजा सब्सिडी खत्म कर दिया गया है लेकिन हवाई किराए का भार 

Comments